
देहरादून। ऋषिकेश की आध्यात्मिक पहचान और विश्वप्रसिद्ध ब्रिटिश संगीत समूह ‘द बीटल्स’ से जुड़ा ऐतिहासिक रिश्ता अब अंतरराष्ट्रीय सिनेमा के पर्दे पर एक नए अंदाज में नजर आ सकता है। बीटल्स के जीवन और संगीत यात्रा पर आधारित महत्वाकांक्षी फिल्म परियोजना की शूटिंग फरवरी 2027 में ऋषिकेश स्थित ऐतिहासिक चौरासी कुटी यानी बीटल्स आश्रम में प्रस्तावित है। इस परियोजना से उत्तराखंड को वैश्विक फिल्म मानचित्र पर नई पहचान मिलने के साथ पर्यटन, स्थानीय कारोबार और रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से रविवार को फिल्म निर्माताओं के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात कर प्रस्तावित शूटिंग और फिल्म निर्माण से जुड़ी तैयारियों पर चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल के अनुसार, ऑस्कर विजेता निर्देशक सर सैम मेंडेस के निर्देशन में ‘द बीटल्स–ए फोर-फिल्म सिनेमैटिक इवेंट’ तैयार किया जा रहा है। इसके तहत बैंड के चारों सदस्यों के जीवन पर केंद्रित चार अलग-अलग फिल्में बनाई जाएंगी। सोनी पिक्चर्स एंटरटेनमेंट के लिए नील स्ट्रीट प्रोडक्शंस, एप्पल कॉर्प्स के सहयोग से इस परियोजना पर काम कर रही है। फिल्मों की रिलीज अप्रैल 2028 में प्रस्तावित है।
250 से अधिक सदस्य पहुंचने की उम्मीद
चौरासी कुटी में शूटिंग के लिए 100 से अधिक अंतरराष्ट्रीय और करीब 150 भारतीय क्रू सदस्यों के पहुंचने की संभावना है। फिल्म निर्माण के दौरान स्थानीय तकनीशियनों को भी काम करने का अवसर मिल सकता है। भारत में फिल्म निर्माण से जुड़ी व्यवस्थाओं का समन्वय ‘ऑन द रोड इंडिया’ कर रहा है। बड़ी फिल्म यूनिट के आगमन से होटल, परिवहन, खानपान, गाइड और अन्य स्थानीय सेवाओं से जुड़े कारोबारियों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
फिल्म की शूटिंग से चौरासी कुटी को अंतरराष्ट्रीय दर्शकों के सामने नए सिरे से प्रस्तुत करने का अवसर भी मिल सकता है। यदि फिल्म में इस ऐतिहासिक स्थल को प्रमुखता से दिखाया जाता है, तो बीटल्स के प्रशंसकों और विदेशी पर्यटकों की यहां रुचि बढ़ सकती है।
1968 में बीटल्स ने बिताया था समय
ऋषिकेश स्थित चौरासी कुटी का बीटल्स से गहरा ऐतिहासिक संबंध है। वर्ष 1968 में जॉन लेनन, पॉल मैकार्टनी, जॉर्ज हैरिसन और रिंगो स्टार महर्षि महेश योगी के आश्रम पहुंचे थे। यहां ध्यान और आध्यात्मिक साधना से जुड़े उनके प्रवास ने ऋषिकेश को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान दिलाई। यही कारण है कि चौरासी कुटी को दुनिया भर में ‘बीटल्स आश्रम’ के नाम से जाना जाता है।अब इसी स्थल पर प्रस्तावित फिल्म शूटिंग से संगीत, अध्यात्म और सिनेमा का यह ऐतिहासिक संगम फिर चर्चा में आ सकता है।
फिल्म नीति से निर्माताओं को प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड की प्राकृतिक सुंदरता, सांस्कृतिक विरासत और विविध भौगोलिक लोकेशन फिल्म निर्माण के लिए आकर्षक हैं। राज्य की फिल्म नीति-2024 के तहत फिल्म निर्माताओं को सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस परियोजना से उत्तराखंड की अंतरराष्ट्रीय पहचान मजबूत होगी और पर्यटन को भी प्रोत्साहन मिलेगा।
प्रस्तावित शूटिंग उत्तराखंड के लिए केवल एक फिल्म निर्माण गतिविधि नहीं, बल्कि अपनी ऐतिहासिक विरासत को वैश्विक दर्शकों तक पहुंचाने का अवसर भी है। हालांकि, पर्यटन और स्थानीय रोजगार को मिलने वाला वास्तविक लाभ फिल्म में स्थल की प्रस्तुति, शूटिंग की अवधि और स्थानीय स्तर पर होने वाली भागीदारी पर निर्भर करेगा।



